भारत के 7 नाम क्या है | Bharat Ke 7 Naam Kya Kai

क्या आप जानते हैं भारत के 7 नाम क्या है? शायद इस प्रश्न का उत्तर हमारे भारत के अधिकांश लोग को ही पता नहीं होगा। क्योंकि इस प्रश्न का उत्तर सीधा हमारे भारतवर्ष की ऐतिहासिक घटनाओं के साथ जुड़ा हुआ है।

फिर भी हमारे स्कूल या कॉलेज में अक्सर इस प्रश्न को लेकर बहुत आलोचना होते हैं। इसलिए जो भी बच्चे या फिर छात्र अभी स्कूल या कॉलेज में पढ़ते हैं उन लोगों को हमारे भारत के कितने नाम है इसका उत्तर जानना आवश्यक है। इसके अलावा हम लोग भारतवासी होने के कारण हमारे देश के यानी कि भारत के हर एक 7 नाम के साथ परिचित होना बहुत ही आवश्यक है।

तो चलिए अभी और देरी ना करते हुए आज हम इस लेख में आपके लिए भारत के हर एक नाम को लेकर आलोचना करते हैं। आशा करता हूं आपको हमारे इस लेख को पढ़ने में पसंद आएगा एवं आप अपने दोस्तों के साथ भी इसको शेयर करेंगे।

भारत के 7 नाम क्या है | Bharat Ke 7 Naam Kya Kai

दोस्तों भारत के 7 नाम है: भारत या हिन्द, भारतवर्ष, आर्याव्रत, इंडिया, जम्बूद्वीप, हिंदुस्तान, भारतखण्ड

यह है हमारे भारत के 7 नाम, जो हर एक भारतवासी को जानना आवश्यक है। लेकिन क्या आप कभी यह सोचे हैं हमारे भारत के अलग-अलग हैं नाम किस कारण वर्ष दिया गया। शायद नहीं, कोई बात नहीं आज हम इस लेख में आपको भारत के हर एक सात नाम के इतिहास को लेकर विस्तारित आलोचना करेंगे। तो अगर आप भारत की यह 7 नाम क्या है के साथ-साथ इसके पीछे का इतिहास है इसका विस्तारित कारण जानना चाहते हैं तो हमारे इस लेख की आगे अंश को अच्छी तरीके से परे।

भारत के 7 नाम क्या है बताएं
भारत के 7 नाम क्या है

हिंदू प्रदेश या हिन्द:

दोस्तों भारत के ऐतिहासिक घटनाओं को मध्य नजर रखते हुए हमारे हिंदू प्रदेश का जो 7 नाम दिया गया है उस में से सबसे प्रचलित नाम है भारत यानी कि हिंदू प्रदेश। लिए आज सर्वप्रथम इस नाम के ऐतिहासिक घटना को जानते हैं।

ऐसे घटना से हम यह जानते हैं जब हमारे भारत में सर्वप्रथम एलेग्जेंडर आए थे तब हमारे इस देश को हिंद-प्रदेश बोला जाता था। उस समय अलएकजनदार ने Hind शब्द का H हटाकर बाकी IND से हमारे इस देश का नाम इंडिया रखा। यानी कि भारत।

आर्याव्रत:

भारत का सबसे पुराना नाम है आर्यवर्त। यह नाम हमारे भारतवर्ष को तब दिया गया था जब हमारे भारत में एशिया के उत्तरी दिशा से आर्य लोग हमारे भारत में प्रवेश किए थे। उसके बाद यह आर्यवर्त नाम बहुत ही जल्दी हमारे पूरे भारत में संचालित होगे।

इसका सबसे बड़ा कारण है, जब दक्षिणी दिशा से आर्य लोग हमारे भारत में आए तब वह लोग रिग वेदा संस्कृति करके एक वेद प्रचार चालू किया जो उस समय भारत की ग्राम आंचल में बहुत ही ज्यादा प्रभावित हुआ था। ऐसा करते हुए हैं भारत के उस प्राचीन काल से हमारे देश का नाम आर्यवर्त रखा गया। हालाकि अभी इस नाम को बहुत सारे लोग जानते ही नहीं है। लेकिन अभी आप इस लेख से भारत के 7 नामों में से सबसे प्राचीन नाम के बारे में सब कुछ जान गए हैं।

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भारतवर्ष:

आप तो यह जानते ही हैं कि हमारे देश की सबसे प्रचलित नाम है भारत यानी कि भारतवर्ष। हमारे भारत की अन्य प्राचीन 7 नाम की तरह इसका नाम भी एक ऐतिहासिक घटना से आए हैं। असल में दोस्तों भारत का नाम हमारे देश के चक्रवर्ती सम्राट भरत जी के नाम से आए हैं। इसके अलावा बहुत सारे लोग यह मानते हैं कि हमारे भारतवर्ष के यह भारत नाम भारत के उत्तरी दिशा में एक कबीला थे, जिसका नाम भरत थे। इतिहास में ए लोग इस कबीला का नाम से भारत का नाम लाने का दावा करते हैं।

असल में इस प्रश्न का उत्तर सटीक तरीके से देना थोड़ा दिक्कत है, लेकिन हम आपको यह बोल सकते हैं कि भारत के यह नाम चक्रवर्ती सम्राट भारत जी एवं उत्तरी दिशा के कबीला भारत, यह दोनों में से किसी एक के नाम से ही आए हैं।

इंडिया:

कुछ तो अगर आप हमारे देश के इतिहास को थोड़ा बहुत भी जानते हैं तो आप इंडस वैली सिविलाइजेशन का नाम तो सुना ही होगा। हमारे पुस्तकों में इसको सिंधु सभ्यता के नाम से भी जाना जाता है। असल में हमारे भारत की यह नाम इंडिया, भारत की सबसे प्राचीन सभ्यता यानी की हिंदू सभ्यता से ही आए हैं। यह हिंदू सभ्यता जहां से ही शब्द आया था उसका अंग्रेजी शब्द इंडिया से ही हमारे भारत का नाम इंडिया आया है।

जम्बूद्वीप:

भारत के बाकी प्राचीन नाम की तरह यह जम्बूद्वीप भी भारत की एक ऐतिहासिक प्राचीनतम नाम है। इस नाम के पीछे भी बहुत सारा घटना है। पहले हम लोग यह जम्बूद्वीप शब्द का मतलब जानते हैं। असल में जम्बूद्वीप शब्द में जो जम्मू एवं दीप शब्द है यह दो शब्द का मतलब है “जामुन के वृक्षों का दीप”। बोला जाता है आज से 1000 वर्ष पूर्व में हमारे इस देश को जम्बूद्वीप के नाम से जाना जाता था।

हालाकि हमारे देश के अधिकांश लोग इस नाम को पूरी तरह भूल ही चुके हैं लेकिन अभी भी एशिया के दक्षिण पूर्वी अंश के कुछ देश हमारे भारतवर्ष को जम्बूद्वीप के नाम से ही जानते हैं।

भारतखण्ड:

हमारे भारतवर्ष की अन्य नाम की तरह, भारत खंड भी एक प्रचलित नाम हुआ करते थे। हमारे देश का यह भारतखंड नाम प्राचीन सांस्कृतिक ग्रंथ एवं पुराणों से आया। बोला जाता है कि प्राचीन ग्रंथ के अनुसार भारत का आदि नाम जम्बूद्वीप को 9 खंड में लिखा गया है जिसमें से एक खंड का नाम है भारत खंड।

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हिंदुस्तान:

भारत के 7 नामों में से कुछ पॉपुलर नाम के अंदर हिंदुस्तान भी बहुत प्रचलित नाम है। यह नाम लगभग हमारे भारत के 90% से ऊपर लोगों को ही पता होगा। हमारे ऐतिहासिक मध्य प्राचीन काल एवं मुगल समय से ही हमारे भारत को हिंदुस्तान के नाम से जाना जाता है। जैसे कि आपको पता ही होगा हमारे भारत मैं पहले सिंधु सभ्यता का बास हुआ करता था।

उस समय मुगल सब बताओ का लोग सिंधु सभ्यता को हिंदू बोलने लगे जहां से हमारे भारत का नाम हिंदुस्तान हुआ था।

FAQs

भारत के नाम कितने है?

भारत के कुल 7 नाम है।

भारत का पुराना नाम क्या है?

भारत का पुराना नाम है आर्यवर्त।

भारत का नाम इंडिया कैसे पड़ा?

प्राचीन Indus सिविलाइजेशन का प्रवेश घाट सिंधु घाटी से भारत का नाम इंडिया परा।

भारत का पहला नाम क्या था?

भारत का पहला नाम था जम्बूद्वीप।

भारत का नाम किसने रखा?

राजा पुरुवंशी और शकुन्तला का पुत्र चक्रवर्ती सम्राट भरत के नाम से ही भारत का नाम रखा।

निष्कर्ष

जैसे कि आप देख पा रहे हैं आज हम इस लेख में भारत के 7 नाम कौन से हैं, इसको लेकर थोड़ा विस्तार से आलोचना किए हैं। आशा करता हूं आप में से जो भी हमारी इस लेख को अंत तक पढ़े होंगे उनको हमारे भारतवर्ष के हर एक साथ नाम के साथ उसका ऐतिहासिक घटना के साथ भी परिचित हो गए होंगे। इसके अलावा अगर आपके मन में हमारे भारतवर्ष की कोई भी नाम या फिर उसका ऐतिहासिक घटना को लेकर कुछ भी दुविधा है तो आप नीचे कमेंट बॉक्स में जरूर पूछ सकते हैं।

by Sayan Das
सायन दास एक अच्छे आर्टिकल लेखक है जो हमेशा से ही टाटमूलक लेख लिखने में अपना अधिक से अधिक समय में करता है। इसके अलावा वह सरकारी योजना बिजनेस लोन एवं विभिन्न तरीके का जब संबंधित लेख लिखने में भी माहिर है। सायन दास एक इलेक्ट्रॉनिक इंजीनियर है जिसके पास ब्लॉगिंग संबंधित 6 साल से ज्यादा एक्सपीरियंस है। इसी एक्सपीरियंस के साथ वह यह गवर्नमेंट योजना वेबसाइट में पिछले 3 साल से कम कर रहा है एवं लोगों को उनके समस्या का समाधान ढूंढने में भी सहायता कर रहा है। और दोस्तों अगर आप शायद दास के साथ कांटेक्ट करना चाहते हैं तो वह सोशल मीडिया यानी की फेसबुक पर भी मिल जाएगा।

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